अलकतरा घोटाला : 25 साल पुराने केस में CBI कोर्ट ने तीन इंजीनियरों को 3-3 साल की सुनाई सजा के साथ अर्थदंड भी लगाया

न्यूज़ लहर संवाददाता
झारखंड :25 साल पुराने तारकोल घोटाला मामले में रांची स्थित सीबीआई कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया है।इस मामले में आरोपी तत्कालीन जूनियर इंजीनियर विवेकानंद चौधरी, कुमार विजय शंकर और विनोद कुमार मंडल को सीबीआई की विशेष अदालत ने 3-3 साल की सजा सुनाई है।साथ ही उन पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।जुर्माना नहीं भरने पर उन्हें 3-3 महीने की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
बता दें कि 25 साल पुराना तारकोल घोटाला मामला 1992 और 1997 का है।मामला सामने आने के बाद सीबीआई ने जांच की और 1999 में प्राथमिकी दर्ज की थी।तीनों आरोपियों पर आरईओ वर्क्स डिविजन में पदस्थापन के दौरान अपने पद का दुरुपयोग करने और आपराधिक साजिश के तहत लाखों रुपये सरकारी राशि का गबन करने का आरोप था।
इन सभी ने फाइलों में सड़क मरम्मत का काम दिखाकर ठेकेदारों से मिलीभगत कर सरकारी राशि का गबन किया था।आपको बता दें कि इस मामले में ट्रायल का सामना कर रहे दो आरोपी आरईओ वर्क्स डिवीजन के तत्कालीन जूनियर विवेकानंद चौधरी और कुमार विजय शंकर सेवानिवृत्त हो चुके हैं।