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पहली बार नौकरी पाने वालों को मिलेंगे 15 हजार रुपए, शिक्षा ऋण के लिए मिलेगा 10 लाख तक का लोन, बजट में हुए बड़े ऐलान

 

न्यूज़ लहर संवाददाता

नई दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लोकसभा में बजट पेश कर रही हैं। उन्होंने कहा ‘भारत की जनता ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाली सरकार में अपना विश्वास जताया है। उन्हें ऐतिहासिक तीसरे कार्यकाल के लिए दोबारा चुना है। मुश्किल दौर में भी भारत की अर्थव्यवस्था चमक रही है।’ निर्मला सीतारमण का लगातार 7वां बजट है। उन्होंने कहा, ‘सरकार का फोकस गरीब, महिला, युवा और अन्नदाता पर रहेगा। सरकार जॉब्स के अवसर बढ़ाएगी।’

वित्त मंत्री ने युवाओं के लिए 15000 डीबीटी योजना पेश की। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने युवाओं के लिए सरकार का खजाना खोल दिया। उन्होंने कहा कि अगले पांच सालों में 4.1 करोड़ युवाओं पर ध्यान केंद्रित रहेगा, इसके लिए 5 योजनाएं शुरू की जाएंगी। मोदी सरकार इन पांच योजनाओं पर 2 लाख करोड़ रुपए खर्च करेगी। इस बजट में रोजगार, कौशल विकास, एमएसएमई और मध्यम वर्ग पर फोकस रहेगा।

पहली बार नौकरी पाने वालों को तोहफा

सरकार की नौ प्राथमिकताओं में से एक है रोजगार और कौशल विकास। इसके तहत पहली बार नौकरी करने वालों को बड़ी मदद मिलने जा रही है। फॉर्मल सेक्टर में पहली बार नौकरी की शुरुआत करने वालों को एक महीने का वेतन दिया जाएगा। यह वेतन डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए तीन किस्तों में जारी होगा। इसकी अधिकतम राशि 15 हजार रुपये होगी। ईपीएफओ में पंजीकृत लोगों को यह मदद मिलेगी। योग्यता सीमा एक लाख रुपये प्रति माह होगी। इससे 2.10 करोड़ युवाओं को फायदा होगा। सरकार रोजगार में प्रवेश करने वाले 30 लाख युवाओं को भी फायदा देने जा रही है। यह फायदा भविष्य निधि यानी पीएफ में एक महीने के योगदान के रूप में होगा।

शिक्षा, रोजगार और कौशल के लिए 1.48 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, ‘मुझे 2 लाख करोड़ रुपये के केंद्रीय परिव्यय के साथ 5 वर्षों में 4.1 करोड़ युवाओं के लिए रोजगार, कौशल और अन्य अवसरों की सुविधा के लिए 5 योजनाओं और पहलों के प्रधानमंत्री पैकेज की घोषणा करते हुए खुशी हो रही है। इस वर्ष हमने शिक्षा, रोजगार और कौशल के लिए 1.48 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।’

शिक्षा ऋण के लिए 10 लाख रुपये तक का मिलेगा लोन

सरकार देश के उच्च शिक्षण संस्थानों में शिक्षा के लिए आर्थिक मदद देगी। शिक्षा ऋण पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, ‘सरकार घरेलू संस्थानों में उच्च शिक्षा के लिए 10 लाख रुपये तक के ऋण के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करेगी।’

 

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि बजट में सरकारी की नौ प्राथमिकताएं हैं, जिनमें शामिल हैं-

खेती में उत्पादकता

रोजगार और क्षमता विकास

समग्र मानव संसाधन विकास और सामाजिक न्याय

विनिर्माण और सेवाएं

शहरी विकास

ऊर्जा सुरक्षा

अधोसरंचना

नवाचार, शोध और विकास

अगली पीढ़ी के सुधार

 

2024 के बजट में क्या-क्या ऐलान हुए?

पूर्वोत्तर राज्यों में इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक की 100 से अधिक शाखाएं स्थापित की जाएंगी।

बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और आंध्र प्रदेश के सर्वांगीण विकास के लिए पूर्वोदय योजना तैयार करेंगे।

सरकार देश के समग्र विकास के लिए राष्ट्रीय सहयोग नीति लाएगी

ग्रामीण विकास के लिए 2.66 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान।

आंध्र प्रदेश को 15,000 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता दी जाएगी।

सरकार हर साल एक लाख छात्रों को सीधे ई-वाउचर उपलब्ध कराएगी, जिसमें ऋण राशि का तीन प्रतिशत ब्याज अनुदान दिया जाएगा।

सरकार रोजगार से जुड़ी तीन योजनाएं शुरू करेगी।

पूर्वी क्षेत्र में औद्योगिक गलियारा बनाने का प्रस्ताव।

अमृतसर-कोलकाता औद्योगिक गलियारे पर हम बिहार के गया में औद्योगिक विकास को समर्थन देंगे। यह पूर्वी क्षेत्र के विकास को गति देगा।

हम सड़क संपर्क परियोजनाओं के विकास में भी सहयोग देंगे – पटना-पूर्णिया एक्सप्रेसवे, बक्सर-भागलपुर राजमार्ग, बोधगया-राजगीर-वैशाली-दरभंगा और बक्सर में गंगा नदी पर 26,000 करोड़ रुपये की लागत से एक अतिरिक्त दो लेन का पुल।

सभी औपचारिक क्षेत्रों में नए-नए काम पर आने वाले सभी लोगों को एक महीने का वेतन दिया जाएगा।

ईपीएफओ में पंजीकृत पहली बार नौकरी करने वाले कर्मचारियों को 3 किस्तों में एक महीने का वेतन प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण के तहत 15,000 रुपये तक दिया जाएगा।

पात्रता सीमा 1 लाख रुपये प्रति माह वेतन होगी। इस योजना से 210 लाख युवाओं को लाभ मिलेगा।

सरकार जलवायु-अनुकूल बीज विकसित करने के लिए निजी क्षेत्र, विशेषज्ञों और अन्य को धन उपलब्ध कराएगी।

सरकार नौकरी बाजार में प्रवेश करने वाले 30 लाख युवाओं को एक महीने का पीएफ अंशदान देकर प्रोत्साहन देगी।

सरकार झींगा के पालन और विपणन के लिए वित्त उपलब्ध कराएगी।

ग्रामीण अर्थव्यवस्था और रोजगार के अवसरों में तेजी लाना नीतिगत लक्ष्य

सब्जी उत्पादन एवं आपूर्ति शृंखला के लिए अधिक एफपीओ का गठन किया जाएगा, कृषि भूमि एवं किसानों का रिकॉर्ड डिजिटल करने पर बल।

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