जो प्रभु की सेवा करता है उसे प्रभु अपने शरण में रखता है : बिशप थियोडोर

न्यूज़ लहर संवाददाता
रांची : एससीजेएम की धर्मबहन सिस्टर अगुस्टिना टेटे ने अपने व्रत धारण का 50 वर्षीय जुबिली मनाया इस समारोह में शरीक होने के लिए डाल्टनगंज धर्मप्रान्त के धर्माध्यक्ष श्रद्धेय बिशप थियोडोर मस्कारेन्हास एस एफ एक्स ने मुख्य अनुष्ठान दाता बनकर मिस्सा बलिदान के द्वारा ईश्वर को धन्यवाद दिया। उन्होंने अपने उपदेश में बताया कि प्रभु हम जब जुबली मनाते हैं प्रभु की कृपा से ही मनाते हैं। और सही जुबिली 50 साल के बाद ही आति है।
जुबली इसलिए मनाते हैं कि प्रभु की सेवा के लिए उन्होंने एस सी जे एम धर्म बहन बनने के लिए प्रभु को जन कहा। को प्रभु की सेवा करता है उसे प्रभु अपने शरण में रखता है। स्वामी ने सिस्टर अगुसटिना के लिए ईश्वर से आशीष की कामना की। ताकि ईश्वर उनके आने वाले समय में हमेशा साथ रहे। ताकि वे प्रभु की शरण में रह कर उनके प्यार को महसूस करती रहे।
मिस्सा के तुरंत बाद जुबली के नाम पर सिस्टर अगुस टीना ने केक काटा। उसके बाद सबों ने मिलकर सिस्टर अगुस टीना को जुबली के अवसर पर बधाई दी। अवसर पर बिशप स्वामी के अलावा एस सी जे एम रांची प्रोविंस की प्रोविंशियल सिस्टर, फादर सेलेस्टिन डुंगडुंग, फादर बासिल डुंगडुंग, फादर अमरदीप केरकेट्टा, 25 एस सी जे एम की की धर्म बहनें और सिस्टर अगुस् टी ना के परिवार जन उपस्थित थे।