आदिवासी “हो” समाज युवा महासभा के तत्वाधान में दिल्ली में आयोजित सेमिनार व धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक संपन्न

न्यूज़ लहर संवाददाता
झारखंड:चाईबासा में आदिवासी “हो” समाज युवा महासभा के तत्वाधान में 13-14 सितंबर 2024 को नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर आयोजित सेमिनार व धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक 12 अक्टूबर 2024 को महासभा कला एवं संस्कृति भवन, हरिगुटू, चाईबासा में आयोजित की गई। इस बैठक में पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा से आए प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया और कार्यक्रम की सफलताएं व भविष्य की योजनाओं पर चर्चा की। इस धरना-प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य “हो” भाषा को भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल कराना था।
इस अवसर पर महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष इपिल सामड और कोषाध्यक्ष सुरेन्द्र पुरती ने बैठक का संचालन किया। कोषाध्यक्षों ने दुदुगर यात्रा और दोलाबु दिल्ली 4.0 कार्यक्रम से जुड़ी आय-व्यय का ब्यौरा प्रस्तुत किया। कार्यक्रम की कुल आय ₹13,40,007 थी, जिसमें से ₹10,56,270 खर्च हुए और कुल बचत राशि ₹2,83,737 रही।
बैठक में “हो” भाषा को संविधान में मान्यता दिलाने के लिए जारी प्रयासों की जानकारी दी गई। इसके अंतर्गत आगामी 2 अक्टूबर 2024 को हजारीबाग में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने की योजना बनाई गई है।
साथ ही, 16 सितंबर 2024 को नई दिल्ली में गृहमंत्री अमित शाह के साथ मुलाकात और वार्ता का कार्यक्रम भी सुनिश्चित किया गया है। इसके अलावा, विपक्ष के नेता राहुल गांधी और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से भी इस संबंध में समय मांगा गया है।
सभा में उपस्थित सभी प्रतिनिधियों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए समर्थन देने वाले सभी लोगों का धन्यवाद किया। इस कार्यक्रम को नैतिक, सामाजिक, आर्थिक, और राजनीतिक रूप से सहयोग करने वाले भाषा प्रेमियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, राजनेताओं, और शुभचिंतकों का आभार व्यक्त किया गया।
इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष इपिल सामड, उपाध्यक्ष सुरा बिरूली, महासचिव गब्बरसिंह हेम्ब्रम, कोषाध्यक्ष सुरेन्द्र पुरती, शिक्षा सचिव शांति सिधु, बंगाल से कोल सनागम हयम सोसायटी के प्रतिनिधि बिरेन तुबिड, और कई अन्य प्रमुख सदस्य उपस्थित थे।
बैठक का समापन सभी प्रतिनिधियों द्वारा इस आंदोलन के प्रति उनके समर्थन और आगामी गतिविधियों में सहभागिता के संकल्प के साथ हुआ।