पीएम नरेंद्र मोदी को नोबेल शांति पुरस्कार का दावेदार बताने वाला दावा फर्जी

न्यूज़ लहर संवाददाता
नई दिल्ली:सोशल मीडिया पर एक खबर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें कई मीडिया संगठनों की तरफ से नार्वे की नोबेल समिति के उपाध्यक्ष असले टोजे के हवाले से यह दावा किया गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नोबेल शांति पुरस्कार के सबसे बड़े दावेदार हैं। इस दावे के बाद असले टोजे ने एक वीडियो के माध्यम से अपनी प्रतिक्रिया दी है।
वायरल न्यूज का स्रोत
15 मार्च, 2023 को “मेघ अपडेट्स” नामक एक वेरिफाइड ट्विटर हैंडल पर असले टोजे की एक तस्वीर साझा की गई थी। इस पोस्ट में लिखा गया था कि पीएम नरेंद्र मोदी विश्व शांति के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं और उनके पास विश्व-शांति व्यवस्था को पुनर्स्थापित करने की क्षमता है।
असले टोजे की प्रतिक्रिया
इस वायरल दावे के बाद, असले टोजे ने एक वीडियो जारी किया जिसमें उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है। उन्होंने इसे “फेक न्यूज” करार देते हुए कहा कि यह चर्चा न करने योग्य है। टोजे ने यह भी कहा कि उन्होंने मोदी की शांति प्रयासों की सराहना की, लेकिन दावेदार के रूप में उनका नाम नहीं लिया।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएँ
इस वायरल खबर को कांग्रेस के बड़े ट्विटर हैंडल से भी शेयर किया गया, जिससे राजनीतिक हलकों में इसे लेकर चर्चा तेज हो गई। हालांकि, असले टोजे के स्पष्टीकरण ने इस दावे को कमजोर कर दिया है और अब यह स्पष्ट हो गया है कि यह खबर भ्रामक थी।
निष्कर्ष
इस घटना ने सोशल मीडिया पर फैली अफवाहों और गलत सूचनाओं की समस्या को उजागर किया है। ऐसे समय में, जब जानकारी तेजी से फैलती है, सत्यापन और तथ्य-जांच की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण हो गई है।