Regional

आदि कर्मयोगी अभियान के तहत तीन दिवसीय मास्टर ट्रेनर प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ, जनजातीय विकास के विविध पहलुओं पर हुई विस्तृत चर्चा

 

 

जमशेदपुर। सिदगोड़ा स्थित

सोन मंडप में गुरुवार को आदि कर्मयोगी अभियान के अंतर्गत प्रखंड स्तरीय मास्टर ट्रेनरों के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का विधिवत शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्रभारी जिला कल्याण पदाधिकारी सचिदानंद महतो, विभिन्न प्रखंड विकास पदाधिकारियों एवं जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनरों की उपस्थिति में दीप प्रज्वलन के साथ हुई। प्रशिक्षण स्थल को पारंपरिक आंगन की रूपरेखा में सजाया गया था, जहाँ दीप प्रज्ज्वलित कर गोलाकार संरचना के माध्यम से सहभागिता और सामूहिकता का प्रतीकात्मक संदेश दिया गया।

 

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य मास्टर ट्रेनरों को आदि कर्मयोगी अभियान के मूल उद्देश्य, लक्ष्यों और उसकी कार्यप्रणाली से परिचित कराना रहा। प्रशिक्षण सत्रों के दौरान अभियान की पृष्ठभूमि, उसकी आवश्यकता, तथा इसके तहत जनजातीय क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, आजीविका और सामाजिक सशक्तिकरण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में किए जाने वाले कार्यों पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रशिक्षकों ने बताया कि यह अभियान जनजातीय समाज को मुख्यधारा से जोड़ने, उनकी आत्मनिर्भरता बढ़ाने और उनकी सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सार्थक सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।

 

सत्रों के दौरान विभिन्न इंटरएक्टिव गतिविधियों एवं समूह चर्चाओं के माध्यम से प्रशिक्षणार्थियों को योजना के क्रियान्वयन की रणनीतियों, विभिन्न विभागों के समन्वय की आवश्यकता तथा कार्यान्वयन में आने वाली संभावित चुनौतियों के समाधान पर मार्गदर्शन दिया गया। साथ ही मास्टर ट्रेनरों की भूमिका को लेकर यह स्पष्ट किया गया कि वे इस अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन में प्रमुख भूमिका निभाएंगे। वे न केवल स्वयं प्रशिक्षित होंगे, बल्कि अपने-अपने क्षेत्रों में अन्य कर्मयोगियों को भी प्रशिक्षण देकर अभियान की गतिविधियों को जमीनी स्तर तक पहुंचाने का कार्य करेंगे।

 

कार्यक्रम में जिला प्रशासन की ओर से यह विश्वास जताया गया कि यह प्रशिक्षण सत्र न केवल मास्टर ट्रेनरों को सशक्त करेगा, बल्कि उनके माध्यम से जनजातीय समुदाय के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने में भी सहायक सिद्ध होगा। प्रशासन को उम्मीद है कि मास्टर ट्रेनर अभियान की भावना को आत्मसात करते हुए इसे सफल बनाने में अग्रणी भूमिका निभाएंगे और जनजातीय समाज के विकास में सार्थक योगदान देंगे।

Related Posts