ट्रेनों में वेटिंग की समस्या से मिलेगी निजात, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कर दिया ये बड़ा ऐलान

न्यूज़ लहर संवाददाता
नई दिल्ली: त्योहारों, गर्मियों की छुट्टियों और शादी-ब्याह के सीजन में ट्रेन टिकट को लेकर परेशान होना अब पुरानी बात हो जाएगी। भारतीय रेलवे ने वेटिंग टिकट की समस्या से निजात दिलाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को घोषणा की कि आगामी 2 महीने के भीतर देश में ‘वंदे भारत स्लीपर’ ट्रेन सेट पटरियों पर दौड़ने लगेंगे।
वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें यात्रियों को आरामदायक और सुविधाजनक यात्रा प्रदान करेंगी। इन ट्रेनों में एसी 3-टियर, एसी 2-टियर और एसी 1-टियर सहित तीन श्रेणियों के कोच होंगे। ट्रेनों में अत्याधुनिक सुविधाएं जैसे कि ऑटोमैटिक डोर, एलईडी लाइटिंग, वाई-फाई, सीसीटीवी कैमरे और बायो-वैक्यूम टॉयलेट होंगे। वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें भारतीय रेलवे की गतिशीलता और आधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं। इन ट्रेनों के आने से यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव मिलेगा और ट्रेनों में भीड़भाड़ की समस्या भी कम होगी।
यह घोषणा निश्चित रूप से भारतीय रेल यात्रियों के लिए एक खुशखबरी है। वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों की अधिकतम गति 160 किलोमीटर प्रति घंटा होगी। इन ट्रेनों का किराया राजधानी एक्सप्रेस ट्रेनों के किराए के बराबर होगा। पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन दिल्ली-हावड़ा मार्ग पर चलाई जाएगी। इतना ही नहीं सरकार की योजना अगले पांच साल में लगभग 400 वन्दे भारत ट्रेन ट्रैक पर लाने की योजना है।
वंदे भारत ट्रेन में इंजन अलग से नहीं होता है, बल्कि ये ट्रेन सेट का ही हिस्सा होता है। रेलवे के पटरी के प्वाइंट से 1,29,000 किलोमीटर का ट्रैक है। रेलवे का सबसे अधिक विकास तमिलनाडु में हो रहा है। तमिलनाडु को 6,321 करोड़ रुपए की रेलवे परियोजनाएं मिली हैं। पिछले दस सालों में हजारों किलोमीटर नई लाइन बिछी हैं। देश में हर दिन करीब 14.5 किलोमीटर रेल की पटरी बन रही है।