जमशेदपुर: जमशेदपुर के परसूडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत सरजामदा के घंटी मुहल्ले में 30 वर्षीय ऑटो चालक दीपक ठाकुर की फांसी पर लटकी हुई लाश मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
मृतक के पिता ने आशंका जताई है कि यह आत्महत्या नहीं भी हो सकती। उनका कहना है कि दीपक के दोनों पैर जमीन को छू रहे थे, जो संदेह पैदा करता है। उन्होंने पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग की है।
बताया गया कि दीपक सरजामदा में अपने मझले भाई के साथ रहता था। उसकी शादी सोपोडेरा निवासी सीमा से हुई थी और उसके दो बच्चे हैं। दीपक ऑटो चलाकर परिवार का पालन-पोषण करता था। उसके माता-पिता और दो भाई कीताडीह में रहते हैं।
मृतक के पिता के अनुसार, सुबह दीपक की पत्नी सीमा ने उनके छोटे बेटे दीपू कुमार को फोन कर घटना की जानकारी दी। इसके बाद परिवार के लोग सरजामदा पहुंचे। पिता ने यह भी बताया कि उन्होंने पहले ही मझले बेटे को दीपक के साथ न रहने की सलाह दी थी, लेकिन उसने नहीं मानी।
पिता ने आरोप लगाया कि दीपक और उसका भाई मिलकर बनाए गए घर में रहते थे, लेकिन कमाई से उन्हें कोई आर्थिक मदद नहीं देते थे। कुछ महीने पहले दीपक की मां के बड़े ऑपरेशन में करीब 1.20 लाख रुपये खर्च हुए थे, जिसमें मदद के लिए दीपक से कहा गया था, पर उसने सहयोग नहीं किया। स्थानीय लोग पारिवारिक विवाद को घटना की वजह मान रहे हैं। फिलहाल पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है।

