जमशेदपुर :
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त प्रयास से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) चाकूलिया में मंगलवार को “परियोजना उल्लास” के तहत एक दिवसीय निःशुल्क मिर्गी जांच शिविर का आयोजन किया गया। उपायुक्त के निर्देश पर आयोजित इस विशेष स्वास्थ्य शिविर में मिर्गी एवं मानसिक रोगों से पीड़ित मरीजों की जांच, परामर्श और दवा वितरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई।
शिविर का निरीक्षण सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने किया और मरीजों को दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि परियोजना उल्लास का उद्देश्य मिर्गी एवं मानसिक रोगों की समय पर पहचान कर उनका समुचित इलाज सुनिश्चित करना है, ताकि मरीज सामान्य जीवन जी सकें।
शिविर के दौरान कुल 139 मरीजों की स्क्रीनिंग और परामर्श किया गया। सभी मरीजों को एक महीने की निःशुल्क दवा, साथ ही आने-जाने और भोजन की व्यवस्था भी स्वास्थ्य विभाग की ओर से उपलब्ध कराई गई।
गौरतलब है कि इससे पहले अनुमंडल अस्पताल घाटशिला, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पटमदा तथा शहरी क्षेत्र के साकची में भी ऐसे शिविर सफलतापूर्वक आयोजित किए जा चुके हैं। चाकूलिया में आयोजित यह शिविर इसी श्रृंखला का चौथा चरण था।
कार्यक्रम का संचालन सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल और परियोजना उल्लास के नोडल पदाधिकारी सह जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के नोडल पदाधिकारी डॉ. रंजीत कुमार पांडा के नेतृत्व में किया गया। इस अवसर पर कई चिकित्सकों, स्वास्थ्य कर्मियों, सहिया साथियों और विभागीय कर्मियों ने सक्रिय भूमिका निभाई।
स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि भविष्य में भी जिले के अन्य क्षेत्रों में इस प्रकार के विशेष शिविर लगाकर अधिक से अधिक मरीजों को लाभान्वित किया जाएगा।

