NEWS LAHAR REPORTER
मनोहरपुर। बंगाल की खाड़ी में बने डीप डिप्रेशन के प्रभाव से पश्चिमी सिंहभूम जिले में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदला हुआ है। मनोहरपुर, आनंदपुर, सारंडा, कोल्हान और पोड़ाहाट क्षेत्र में पिछले तीन दिनों से रुक-रुककर लगातार बारिश हो रही है। लगातार बारिश के कारण आम जनजीवन प्रभावित हो गया है और कई इलाकों में जलजमाव की स्थिति गंभीर होती जा रही है।
मनोहरपुर बाजार में बारिश का सबसे अधिक असर देखने को मिल रहा है। पुराना पोस्ट ऑफिस मार्ग और बैंक रोड से स्कूल की ओर जाने वाली मुख्य सड़क पूरी तरह जलमग्न हो गई है। सड़क पर पानी और कीचड़ जमा होने के कारण राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सड़क नहीं, तालाब जैसा मंजर
लगातार बारिश के बाद मनोहरपुर बाजार की मुख्य सड़क तालाब में तब्दील हो गई है। कई स्थानों पर घुटनों तक पानी जमा है। सड़क किनारे स्थित घरों और दुकानों में भी बारिश का पानी घुसने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और पैदल राहगीरों को हो रही है। लोगों को घुटने भर पानी के बीच से होकर आवागमन करना पड़ रहा है। दोपहिया वाहन चालकों को भी पानी और कीचड़ के कारण काफी सावधानी बरतनी पड़ रही है।
जलनिकासी व्यवस्था पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दिनों में हर साल मनोहरपुर बाजार की यही स्थिति बनती है। नालियों की सफाई और जलनिकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो जाता है। लोगों ने स्थायी जलनिकासी व्यवस्था कराने की मांग की है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि बार-बार समस्या की जानकारी देने के बावजूद इसका स्थायी समाधान नहीं किया गया है। बारिश होते ही बाजार की सड़कों पर जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है।
कोयल और कोयना नदी का बढ़ रहा जलस्तर
लगातार बारिश के कारण क्षेत्र से गुजरने वाली कोयल और कोयना नदियों के जलस्तर पर भी लोगों की नजर बनी हुई है। जलस्तर बढ़ने की आशंका से नदी किनारे रहने वाले परिवारों में चिंता बढ़ गई है। तटवर्ती इलाकों के लोग लगातार नदी की स्थिति पर नजर रख रहे हैं।
बारिश का दौर जारी रहने पर बाजार के साथ-साथ निचले इलाकों में जलजमाव और नदी के जलस्तर में और वृद्धि की आशंका बनी हुई है। प्रशासन और स्थानीय स्तर पर नदी एवं जलजमाव वाले इलाकों की स्थिति पर निगरानी बनाए रखने की जरूरत है।

