NEWS LAHAR REPORTER
पोटका। माताजी आश्रम, हाता में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी राधा अष्टमी का पर्व भक्तिभाव और श्रद्धा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर राधारानी की विशेष पूजा-अर्चना, भोग, आरती, पुष्पांजलि, भजन-कीर्तन एवं राधा नाम संकीर्तन का आयोजन किया गया।
पूजा-अर्चना के दौरान पंडित सुधांशु शेखर मिश्र ने श्रद्धालुओं को राधारानी की जन्मकथा सुनाई। इसके साथ ही भगवान श्रीकृष्ण के 108 नामों का पाठ किया गया। पूरे आश्रम परिसर में भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण बना रहा।
मौके पर सुनील कुमार दे ने कहा कि राधा और कृष्ण अभिन्न हैं। उन्होंने कहा कि एक को छोड़कर दूसरे का भजन पूर्ण नहीं माना जा सकता। राधा-कृष्ण की भक्ति प्रेम, समर्पण और आध्यात्मिक एकता का संदेश देती है।
कार्यक्रम के दौरान श्रेया पाल और मौ मंडल ने राधा-कृष्ण के भजनों की मनमोहक प्रस्तुति दी, जिससे उपस्थित श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। पूजा के उपरांत व्रतधारी माता एवं बहनों ने राधारानी की विशेष थाली पूजा की।
कार्यक्रम के अंत में श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया। राधा अष्टमी के अवसर पर माताजी आश्रम में बड़ी संख्या में विभिन्न गांवों से महिला एवं पुरुष भक्त पहुंचे और पूजा-अर्चना में शामिल हुए।
इस अवसर पर पूर्व विधायक मेनका सरदार, डॉ. ए.के. विश्वास, कृष्ण पद मंडल, सुबोध मंडल, ब्रह्म पद मंडल, जन्मेजय सरदार, घनश्याम सिंह सरदार, चीकू मंडल, मोनी पाल, बलराम गोप, सनातन महतो, निताई महाकुड़, कुंती मंडल, चीनू मां, सुजाता मंडल, बंदना मंडल, अंजलि मंडल, लोचना मंडल, सिम्मी पालित एवं बेला रानी मंडल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
